माघ शुक्ला नवमी, 16 – फरवरी 2016, ऋषभगिरि – 108 फुट भगवान ऋषभदेव का केवलज्ञान कल्याणक

🚩🚩🚩🚩🚩🚩🚩🚩🚩
🙏ॐ ह्रीं श्री ऋषभदेवाय नमः🙏

🎉🎉🎉🎉🎉🎉🎉🎉🎉
माघ शुक्ला नवमी, १६- फरवरी २०१६, ऋषभगिरि
– १०८ फुट भगवान ऋषभदेव का केवलज्ञान कल्याणक
– दशलक्षण पर्व: उत्तम शौच
– सोलहकारण पर्व: बहुश्रुतभक्ति भावना

मांगीतुंगी पंचकल्याणक महामहोत्सव की प्रमुख गतिविधियां
🎉🎉🎉🎉🎉🎉🎉🎉🎉

📍📍📍📍📍📍📍📍📍

🌅 प्रात:काल 🌅

संचालन: पू. प्रज्ञाश्रमणी आर्यिका चंदनामति माताजी, पीठाधीश स्वस्तिश्री रविंद्रकीर्ति स्वामिजी

१. नित्य पंचामृत अभिषेक-पूजन

२. आचार्य श्री गुप्तिनंदी जी का केवलज्ञान कल्याणक के सन्दर्भ में प्रवचन

३. पू. मुनिश्री प्रणाम सागरजी महाराज का मांगीतुंगी में मंगल प्रवेश

४. एलाचार्य श्री निजानंद सागर जी के ३५ वे दीक्षा दिन के उपलक्ष्य में पिच्छिका भेट

५. भगवान ऋषभदेव की आहारचर्या
– राजा श्रेयांस बनने का सौभाग्य प्राप्त किया संजय दिवान एवं परिवार, सूरत
– राजा सोमप्रभ बनने का सौभाग्य प्राप्त किया अमरचंद जैन, टिकैतनगर

६. साधुओं की आहारचर्या

७. महाराष्ट्र के मा. ना. मुख्यमंत्री श्री देवेन्द्र जी फड़नवीस एवं अन्य नेताओं का आगमन
◆ उपस्थिति: मा. खा. डॉ. भामरे जी, मा. सौ. पंकजाताई मुंडे, मा. आ. श्री राजेन्द्र पाटणी, मा. श्री मुख्य सचिव, मा. ना. श्री दादाभाऊ भुसे (सहकार राज्य मंत्री-महाराष्ट्र राज्य) , मा. सांसद डॉ. सुभाष जी भामरे

◆ मंच संचालन – प्रतिष्ठाचार्य श्री विजय जैन, डॉ. श्री अनुपम जैन, श्री जीवन प्रकाश जैन

◆ मा. ना. श्री देवेन्द्र फणडवीस जी का सम्मान-
-श्री जे.के. जैन, पूर्व सांसद, दिल्ली
-श्री जे.सी. जैन, हरिद्वार
-श्री सुरेश जैन, कुलाधिपति, मुरादाबाद
-डॉ. पन्नालाल पापड़ीवाल, पैठण
-श्री संजय पापड़ीवाल, पैठण
-श्री भूषण कासलीवाल, चांदवड़
-श्री प्रमोद कुमार कासलीवाल, संघपति, औरंगाबाद

◆ मा. ना. सौ. पंकजाताई पालवे मुंडे, ग्रामीण विकास मंत्री (महाराष्ट्र राज्य)
-सौ. कुमकुम देवी पापड़ीवाल, पैठण
-सौ. सुनीता कासलीवाल, औरंगाबाद
-सौ. सुनीता जैन, हरिद्वार
-सौ. रिंकू कासलीवाल, चांदवड़
-सौ. सुवर्णा पाटनी, गजपंथा

◆ मा. ना. श्री दादाभाऊ भुसे (सहकार राज्य मंत्री-महाराष्ट्र राज्य) जी का सम्मान-
-इंजी. श्री सी.आर.पाटिल, पुणे
-श्री कस्तूरचंद बड़जाते, औरंगाबाद
-श्री अभय कुमार कासलीवाल, औरंगाबाद
-श्री सूरजमल गंगवाल, शिर्डी
-श्री चन्द्रशेखर कासलीवाल, चांदवड़

◆ दीप प्रज्ज्वलन – द्वारा मुख्यमंत्री, पंकजाताई

◆ स्वागत भाषण – द्वारा स्वागताध्यक्ष श्री जे.के. जैन, पूर्व सांसद

◆ स्वस्तिश्री रवीन्द्रकीर्ति स्वामीजी का वक्तव्य

◆ मा. खा. डॉ. भामरे जी, मा. सौ. पंकजाताई मुंडे, मा. आ. श्री राजेन्द्र पाटणी, मा. श्री मुख्य सचिव, मा. ना. श्री दादाभाऊ भुसे इनका वक्तव्य

◆ पू. प्रज्ञाश्रमणी आर्यिका चंदनामति माताजी का संबोधन

◆ माननीय मुख्यमंत्री श्री देवेन्द्र फणडवीस जी को “धर्म राजेश्वर” की उपाधि से किया गया सम्मानित

◆ माताजी एवं भगवान जी के बैनर एवं “सर्वोच्च दिगम्बर जैन प्रतिमा” पुस्तक का हुआ विमोचन

◆ पूज्य गणिनी ज्ञानमती माताजी का प्रवचन

◆ मा. मुख्यमंत्री श्री देवेन्द्र जी फणडवीस का वक्तव्य

◆ सप्तम पट्टाचार्य श्री अनेकांतसागर जी महाराज का प्रवचन

◆ श्री भूषण जी कासलीवाल, चांदवड़ का मा. मुख्यमंत्री के हस्ते सम्मान

८. भगवान के तप कल्याणक की पूजा

📍📍📍📍📍📍📍📍📍

☀ मध्यान्ह काल ☀

९. अंकन्यास विधि

📍📍📍📍📍📍📍📍📍

🌄 सायंकाल 🌄

१०. प. पू. गणिनीप्रमुख श्री ज्ञानमती माताजी द्वारा केवलज्ञान कल्याणक के मंत्रोच्चारण एवं भगवान के केवलज्ञान की घोषणा

११. भगवान ऋषभदेव का समवसरण

◆ आ. अनेकान्त सागरजी, प. पू. ज्ञानमती माताजी एवं चंदनामती माताजी के हुए प्रवचन

◆ स्वस्ति श्री रवीन्द्रकीर्ति स्वामीजी का उद्बोधन

◆ एलाचार्य श्री निजानंद सागर जी का English में प्रवचन

१२. आरती:
◆ भगवान ऋषभदेव
◆ चतुर्विध संघ
◆ गणिनी प्रमुख ज्ञानमती माताजी

१३. मूर्तिकार श्री सूरज नारायण नाठा जी एवं उनके पधारे हुए परिवार जनोंका का सम्मान – प्रशस्ति भेट, आदि.
१३. सांस्कृतिक कार्यक्रम

◆ भक्ति नृत्य

◆ नाटिका – “सच्चा वैराग – बना इतिहास” – पू. ज्ञानमती माताजी के जीवन के आधार पर पू. चंदनामति माताजी द्वारा लिखित नाटिका

📍📍📍📍📍📍📍📍📍

✨✨✨✨✨✨✨✨✨
🚩🚩🚩🚩🚩🚩🚩🚩🚩